Logo
International Journal of
Hindi Research
ARCHIVES
VOL. 4, ISSUE 6 (2018)
’छत पर वह कमरा’ नामक उपन्यास में प्रमुख पात्र रस्टी का जीवन संघर्ष एवं भावनात्मक प्रेम का अध्ययन
Authors
रेनू
Abstract
प्रस्तुत उपन्यास में उपन्यासकार ने रस्टी नामक पात्र का बड़े ही रोचक ढंग से वर्णन किया है। रस्टी का जीवन शुरूवात में बड़ा ही संघर्ष भरा रहता है। उसको अपने अभिभावक द्वारा सारी सुविधाएं दी जाती हैं लेकिन कभी उसे प्यार नही मिलता है। जब वह अपने भारतीय दोस्तों से मिलता है तो उसे बहुत खुशी मिलती है। उसे स्वतंत्रता का बोध होता है। वह शिक्षक बनता है और मीना से प्यार करता है। मीना की मृत्यु के बाद वह बहुत निराश हो जाता है। उसके सभी दोस्त देहरा से बाहर चले जाते हैं। किशन भी अपने रिश्तेदार के पास चला जाता है। वह भी इंग्लैण्ड जाने का निश्चय करता है लेकिन किशन से भावनात्मक लगाव इतना अधिक हो जाता है कि वह उसके साथ भारत में ही रहना पसन्द करता है।
Download
Pages:36-39
How to cite this article:
रेनू "’छत पर वह कमरा’ नामक उपन्यास में प्रमुख पात्र रस्टी का जीवन संघर्ष एवं भावनात्मक प्रेम का अध्ययन". International Journal of Hindi Research, Vol 4, Issue 6, 2018, Pages 36-39
Download Author Certificate

Please enter the email address corresponding to this article submission to download your certificate.